शब्दार्थ

क्यूँकर

kyunkar

hiparticle

अर्थ

कैसे या किस प्रकार, अक्सर अस्तित्व पर प्रश्न करना।

विस्तार

'क्यूँकर' एक गहरी प्रश्नवाचकता है जो जीवन के रहस्यों को समझने की तलाश को प्रकट करता है। यह जिज्ञासा और अस्तित्व की दार्शनिकता से भरा होता है, अक्सर उन पंक्तियों में पाया जाता है जो प्रेम, अस्तित्व और ब्रह्मांड के स्वभाव पर प्रश्न करती हैं। कविता में, यह एक चिंतनशील विराम पेश करता है, गहरी आत्म-परख के लिए आमंत्रित करता है।

व्युत्पत्ति

From Sanskrit कुंकर (kunkar) meaning how or in what manner.

प्रयोग

'क्यूँकर' is effectively used in introspective poetry to question the status of existence and emotions.

उदाहरण

क्यूँकर भटकता है wanderer's दिल, प्रेम के विशाल सागर में।

रात की खामोशी में, क्यूँकर मेरी आत्मा शांति की तलाश करती है?

समानार्थी

कैसेकियाकिस प्रकारकिसी तरह

संबंधित शब्द

प्रश्नचिंतनपारस्परिकतातत्काल
← शब्दकोश पर वापस