शब्दार्थ
किन्हों
kinhon
अर्थ
किन लोगों ने, किन्होंने (तिर्यक बहुवचन रूप)।
विस्तार
'किन्हों' प्रश्नवाचक सर्वनाम 'कौन' का प्राचीन अथवा शास्त्रीय तिर्यक बहुवचन रूप है, जो प्रायः 'ने' परसर्ग के साथ प्रयुक्त होता है। प्रस्तुत शेर में इसका अर्थ है 'किन लोगों ने', जहाँ शायर पूछता है कि इस ग़म के मारे को किसने इतना सताया कि उसकी आहें अर्श तक पहुँच रही हैं। शास्त्रीय दकनी और प्रारंभिक रेख़्ता शायरी में इस रूप का प्रचुर प्रयोग मिलता है।
व्युत्पत्ति
Derived from Sanskrit interrogative roots (कः / केषाम्) through Prakrit/Apabhramsha forms into Old Hindi and early Urdu.
प्रयोग
Commonly encountered in early classical Urdu (Mir, Sauda) as an archaic oblique form of 'kaun', later standardizing to 'kinhon' or 'kin' in modern Urdu and Hindi.
उदाहरण
किन्हों ने छेड़ी ये दास्तान-ए-ग़म?
जाने किन्हों ने उन्हें फ़साने सुनाए।
