शब्दार्थ
क़ता
qit'a
अर्थ
टुकड़ा, भू-भाग या ज़मीन का एक हिस्सा।
विस्तार
शास्त्रीय उर्दू में 'क़ता' का अर्थ किसी चीज़ का काटा हुआ टुकड़ा, खंड या भू-भाग होता है। इस शेर में यह 'क़ता-ए-ज़मीं' (ज़मीन का टुकड़ा) के रूप में प्रयुक्त हुआ है, जहाँ शायर दुख जताता है कि इस पूरे आसमान के नीचे उसे सुकून पाने के लिए ज़मीन का एक छोटा सा हिस्सा भी मयस्सर नहीं। इसके अतिरिक्त शायरी की विधा में चार या अधिक मिसरों के स्वतंत्र छंद को भी 'क़ता' कहते हैं।
व्युत्पत्ति
Arabic qit'ah (قِطْعَة), from the root q-t-' (ق-ط-ع) meaning 'to cut' or 'sever'.
प्रयोग
In ghazal poetry, 'qita' often conveys either a literal piece of ground or sanctuary (frequently contrasted with exile or homelessness) or denotes a self-contained poetic unit within the ghazal.
उदाहरण
इक क़ता-ए-चमन भी न छूटा क़फ़स के बाद
क़ता-ए-ज़मीं पर आशियाना बनाना
