शब्दार्थ

काँटे

kāñṭe

hinoun, masculine plural

अर्थ

काँटे, शूल, या पीड़ा पहुँचाने वाली नुकीली चीज़ें।

विस्तार

उर्दू शायरी में काँटे प्रेम मार्ग की कठिनाइयों और सहरा की आवारगी का प्रमुख प्रतीक हैं। इस शे’र में छालों में चुभे काँटों को सुई की नोक से निकालने का उल्लेख है, जहाँ इलाज के दौरान भी आशिक़ दर्द के आनंद का अनुभव करता है। यह शब्द शारीरिक पीड़ा और प्रेम में मिलने वाले ज़ख़्मों की मिठास दोनों को दर्शाता है।

व्युत्पत्ति

Derived from Sanskrit 'kaṇṭaka' (कण्टक), through Prakrit 'kaṇṭaa', evolving into Hindi and Urdu 'kāñṭā'.

प्रयोग

Frequently juxtaposed with flowers (gul-o-khār) or linked to blistered feet (ābila-pā) to depict the agony of the devoted wanderer.

उदाहरण

दश्त की राहों में बिछे काँटे

पाँव के छालों से काँटे चुनना

समानार्थी

ख़ारशूलकंटक

संबंधित शब्द

छालेनोक-ए-सोज़नज़ख़्मसहरा
← शब्दकोश पर वापस