शब्दार्थ
इशरत-कोशी
ishrat-koshi
hinoun
अर्थ
आमोद-प्रमोद या ऐशो-आराम हासिल करने का प्रयास।
विस्तार
यह शब्द अरबी के 'इशरत' (विलास, सुख) और फ़ारसी के '-कोशी' (चेष्टा, प्रयास) से मिलकर बना है। शायरी में इसका प्रयोग सांसारिक आनंद और आमोद-प्रमोद की खोज में जुटे रहने के अर्थ में होता है। प्रस्तुत शे’र में ग़ालिब ने नश्वर जीवन में सुख-प्राप्ति के इस प्रयास को उपहास योग्य और क्षणभंगुर बताया है।
व्युत्पत्ति
Arabic 'ishrat' (companionship, pleasure) + Persian 'koshish' / 'koshidan' (striving, endeavor).
प्रयोग
Used in philosophical ghazals to evoke the tragic or ironic vanity of chasing worldly delights in a temporary world.
उदाहरण
हस्ती-ए-फ़ानी में इशरत-कोशी का अंजाम
इशरत-कोशी में उम्र गँवा देना
समानार्थी
ऐश-पसंदीइशरत-तलबीलज़्ज़त-जूई
संबंधित शब्द
इशरतकोशिशहस्तीइस्तिहज़ा
