तही ज़िंदगी से नहीं ये फ़ज़ाएँ
यहाँ सैकड़ों कारवाँ और भी हैं
“These atmospheres are not from mere life, For here there are hundreds of carvans more.”
— अल्लामा इक़बाल
अर्थ
ये माहौल सिर्फ़ ज़िंदगी से नहीं आए हैं; यहाँ सैकड़ों कारवाँ और भी हैं।
विस्तार
यह शेर हमें जीवन की विशालता का एहसास कराता है। शायर कहते हैं कि ये माहौल, ये फ़ज़ाएँ, सिर्फ़ हमारी ज़िंदगी का हिस्सा नहीं हैं। इसके इर्द-गिर्द, अनगिनत क़दम, अनगिनत कारवाँ चल रहे हैं। यह हमें सिखाता है कि हमारी कहानी कितनी भी बड़ी क्यों न लगे, दुनिया में और भी कितनी कहानियाँ, कितने जीवन चल रहे हैं।
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